वक्त सही है ,वक्त यही है , हर लात का जवाब तुझे लात से ही देंगे
नियत कर देंगे तेरी साफ जब मारेंगे हम तुझको लात हमने चलाई समझोता एक्स्परैस बदले में तुने मारी लात हमने तेरे खिलाडियों को खिलाया पैसो में तुने दिया हमें ताज ,ओबेराय जैसा घातसांप को दूध पिलाया हमने ,फिर भी अश्रु बहाए हमने बहुत हुई अब तेरी...
[पूरी पोस्ट]
vikas mehta
9
0
0
0
1
[09 Feb 2010 06:44 AM]
आज की हलचल
- कहां महफूज़ है एक स्टार ब्लॉगर...खुशदीप 1255025
- सुनो सुनो सुनो.....महफूज़ मियाँ मिल गए हैं... 926025
- पहाड़ की औरतें उदास सी लगती हैं 826021
- उमर अब्दुल्ला, कश्मीर के “पत्थर-फ़ेंकू” गिरोह को सरकारी नौकरी और राहत पैकेज देंगे…… Umar Abdullah, Kashmir Stone Pelters, Subsidy 5110014
- समेटना बिखरे भावों का- भाग १ 337025
- रामदेव जी खुद बेचैन हैं । वहां मुझे क्या चैन मिलेगा ? Rajyoga or Sashtang . 835325
- क्या मुस्लिम औरतों को इसी तरह बेइज्ज़त होते रहना होगा...? 66507
- बोदूराम की खोज खबर--महफूज भाई का पता चला----ब्लाग4वार्ता --"संगीता पुरी" 385016
- बबूल और बांस 375016
- टिप्पणी टुक टुक : जस्ट हैव एक लुक (टिप्पणी चर्चा ) 58409
- ताऊ पहेली - 66 : (मुंडेश्वरी मंदिर, कैमूर) विजेता उडनतश्तरी 254017
- 1000 के करेंसी नोटों को इस्तेमाल करने के लिए रिजर्व बैंक की #10 नई गाइड-लाइनें 37506
- खाली कुर्सियां फ़ैसले नहीं किया करतीं ..... 314011
- मयखाने में शांतिलोक 34407
- 21 मार्च खास दिन--मेरा जन्मदिवस एवं धन्यवाद ज्ञापन---ललित शर्मा 283015
- आस्था के नाम की मची है लूट 33406
- आभास जोशी से एक मुलाक़ात 263014
- जो जलाता है किसी को खुद भी जलता है जरूर .. 23505
- भाँग, भैया, भाटिन, भाभियाँ, गाजर घास ... तीन जोड़ी लबालब आँखें - 4 32405
- “जीते-जीते डरते क्यों हो?” (चर्चा मंच) 293011
- अहसास रिश्तों के बनने बिगड़ने का !!!! 233012
- कार्टून:- अर्थशास्त्र का एक और नोबेल भारतीय को मिलेगा 193013
- किताबों की दुनिया -26 133015
- आस्था पर प्रश्न क्यों ? सतीश सक्सेना 232015
- फ़ॉन्ट सुविधा एक्सटेंडेड : अब हिन्दी डाटाबेस व एक्सएमएल फ़ाइलों के फ़ॉन्टों को भी यूनिकोड में परिवर्तित करें 20501
- निजी इच्छा राष्ट्रीय इच्छा नहीं बन सकती! 26403
- ये भी फासिस्ट, वो भी फासिस्ट 20406
- लव सेक्स और धोखा बनाम नग्न एमएमएस क्लिप 34303
- मक्का : प्राचीन सनातन शैव तीर्थ 36205
- ओह! पुरस्कार ठुकरा दिया, अरे यह क्या गजब किया कविवर? 25400
- उथले हैं वे जो कहते हैं 16309
- हम कमाते क्यों हैं? 17308
- कृष्ण की बांसुरी, ..बिस्मिल्लाह खान की शहनाई..... और जीसस का क्रॉस 20306
- मेरा नाम केसर है! 20306
- ग़ज़ल- दिल में ऐसे उतर गया कोई 17305
- कहीं से कुछ ब्लॉग
Shuffle
- किसी भी दिन की पोस्ट देखिये
किसी भी दिन की पोस्ट देखिये
कैलेन्डर पर तिथि चुनिये और 'पोस्ट दिखाओ' पर क्लिक करिये.
- नवीनतम ब्लॉग
-
माथापच्ची ( मेरे मन की उथल पुथल )
-
पक्कीखबर
-
कस्बे का कवि...
-
ihatejournalism
-
कवि मन मेरा
-
Shivraj Singh Chauhan
-
LK Advani's Blog
-
मेरा सरोकार
-
संस्कृते किम् नास्ति
-
उस्ताद शायर पुरुषोत्तम "यकीन" की शायरी
-
खुशियाँ बांटो.......बांटने से बढ़ेगी...
-
Anunad
-
टेक नेक्स्ट हिंदी संस्करण
-
Yugals State -- मेरा जहाँ
-
धड़कन
-
fight is begining
-
अपनी बात...
-
Gyan+ ज्ञान प्लस
-
जो न कह सके
-
पेट पूजा
-
मनोरंजन का दर्पण
- आज का मुद्दा औचित्यहीन हो रहे हैं रोजगार पंजीयन कार्यालय बिल्कुल सही बात है भाई. HARI SHARMA
- मेरा डूंगरपुर बिन पानी सब सून - - - - जल का संरक्षण करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है . बढ़िया प्रेरक .. महेन्द्र मिश्र
- abhivyakti 'जल नहीं तो कल नहीं' - जल बचाओ जल का संरक्षण करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है . बढ़िया प्रेरक आलेख .. महेन्द्र मिश्र
- गाहे-बगाहे हम बदनसीबों की जमात बिस्मिल्ला खान को भूल गए यही तो हमारी बदनसीबी है विनीत भाई। सुशील कुमार छौक्कर
- चिट्ठा चर्चा जल दिवस, कविता दिवस और गौरैया दिवस SUNDAR CHARCHA.YAHA BHI JAYENhttp://parthdot.blogspot.com/2010/03/blog-post.html ashutosh
- seep ka sapna आज इतना जल बचायेंगे जल का संरक्षण करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है .... बढ़िया सामयिक प्रेरक आलेख ..... महेन्द्र मिश्र
- आवाज़ एक था गुल और एक थी बुलबुल...एक मधुर प्रेम कहानी आनंद बक्षी की जुबानी आज इत्तेफाक से थोडा पहले मौका मिल गया और अब तो मेरे उत्तर पर "महागुरु" की मोहर भी लग गयी.अवध लाल AVADH
- ज़ज्बात सर से ऊपर गया पानी ~~~ जल का संरक्षण करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है .... बढ़िया सामयिक प्रेरक आलेख ..... महेन्द्र मिश्र
- आवाज़ एक था गुल और एक थी बुलबुल...एक मधुर प्रेम कहानी आनंद बक्षी की जुबानी चलिए एक मिनट पहले ही उत्तर आगया शरद तैलंग
- आवाज़ एक था गुल और एक थी बुलबुल...एक मधुर प्रेम कहानी आनंद बक्षी की जुबानी आज मैं जानबूझ कर गीत के बोल वाला प्रश्न हल नहीं कर रहा हूँ क्योंकि गीत बताते ही बाकी प्रश्न आसान हो जाते है \ एक अंक का घाटा ही सही पहेली में सभी शरद तैलंग
- JAGO HINDU JAGO IBN7 की ताजा खबर बरेली का दंगा फिक्स था .... uda do ibn ko RDX se....blog likhne se kya hoga???... Anonymousnoreply@blogger.com
- जनपक्ष या तो गवाही दो या गूंगे हो जाओ! हां अनुराग जी मुझे भी यह आलेख अत्यंत ज़रूरी लगा तो ताहम से लेकर यहां लगाया। निशांत जल्द ही जनपक्ष से जुड़ेंगे अशोक कुमार पाण्डेय
- आवाज़ एक था गुल और एक थी बुलबुल...एक मधुर प्रेम कहानी आनंद बक्षी की जुबानी ramaa gazab dhaye ye purwaiyya naiya sambhalo kahan khoye ho khiwaiya Sawan Ka mahina pawan kare sore.avadh lal AVADH
- अधूरा सपना शायद इसी को दुर्भाग्य कहते हैं……… kya bhai jaan durbhagya bhi naha dhokar apke pichhe pad gaya hai...........ya aapne adat dal li hai ,,,aisa hone dene ki............khair jo bhi ho saurabh
- अधूरा सपना शायद इसी को दुर्भाग्य कहते हैं……… kya bhai jaan durbhagya bhi naha dhokar apke pichhe pad gaya hai...........ya aapne adat dal li hai ,,,aisa hone dene ki............khair jo bhi ho saurabh
- हम सब की बात अदालतें भी तो अपने गिरेबान में झांकें ये खतरनाक संकेत हैं। अदालतों का शक्तिशाली होना जरूरी है। यदि आम आदमी को अदालत से न्याय नहीं मिलेगा तो फिर बेचारा न्याय के लिए कहां जाएगा। Jandunia
- Aziz Burney सच तो सामने आजाएगा, मगर क्या फिर भी....? अज़ीज़ बर्नी agar aap jaise soch sabhi musalaman bhai aur hindu rakhne lage to shyad dubara aise naubat nahi aayegi. Tarkeshwar Giri
- Alag sa चुभ-चुभ कर भीतर चुभे, ऐसे कहे कबीर. कबीर जी के बारे में बढ़िया विचार हैं .... कबीर जी के दोहे तो लोकप्रिय हैं ... जोकि आज भी बड़े चाव और प्रेम से लोगो के द्वारा पढ़े और सराहे जाते है महेन्द्र मिश्र
- अधूरा सपना तस्वीरों में छिपी एक कहानी…… kya bhai jaan kinko lapet liye ho..tasviren kuchh kahti hain,,,,,,vastav me tasviron se kahani kahne ka prayas sarahniya hai. ...good . saurabh
- हाशिया महज एक बच्चे की ताली पर: एक बहस जिसका जवाब प्रभाष जी ने नहीं दिया सच कहा महज एक बच्चे की ताली पर नंगे हो जाते हैं प्रभाष जी जैसे गांधीवाद का चोला पहने ब्राह्मणवादी। -चंदन,पटना Anonymousnoreply@blogger.com
- उडन तश्तरी .... समेटना बिखरे भावों का- भाग १ जिन्दगी से इतने करीब से मिला हूँ मैं कि अब किसी भी बात पर चौंकता नहीं. बहुत बढ़िया भाव . कमाल की रचना जान पड़ी . जोड़तोड़ कर पढ़ने पर (दोनों बक्सों) महेन्द्र मिश्र
- "हिन्दी भारत" रोमन कथा वाया बाईपास अर्थात् हिन्दी पर एक और आक्रमण ईमेल द्वारा प्राप्त सन्देश -पहले हमें यह सोचना होगा कि अंग्रेज़ी का प्रभुत्त्व क्यों है !अपने भारत में, अगर हम भिन्न-भिन्न भाषाओं की लिपि देखें, तो कविता वाचक्नवी Kavita
- हाशिया महज एक बच्चे की ताली पर: एक बहस जिसका जवाब प्रभाष जी ने नहीं दिया बधाई प्रमोद जी,प्रताप नारायण मिश्र, तिलक और प्रभाष जोशी की परंपरा वाले लोगों को लाजवाब कर देने वाला लेख है आपका। जब यह विवाद चल रहा था उस समय मैंने राजीव चंद्रnoreply@blogger.com
- GaurTalab गाँधी जी का दृष्टिकोण आज गांधीजी के बताए रास्तों पर चलने की जरूरत है। इस... Jandunia
- महाजाल पर सुरेश चिपलूनकर (Suresh Chiplunkar) उमर अब्दुल्ला, कश्मीर के “पत्थर-फ़ेंकू” गिरोह को सरकारी नौकरी और राहत पैकेज देंगे…… Umar Abdullah, Kashmir Stone Pelters, Subsidy सावधान चिपलूनकर, गलत बात बोल गए हो !! बरेली घटा और... ई-गुरु राजीव
- Tisari-Ankh ऐसे तो हम लड़ाई हार जायेंगे पुरुष और नारी दोनों को एक साथ कुकृत्य के खिलाफ सामने आना है. बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति .श्रेष्ठ आलेख .विकास पाण्डेय www.vicharokadarpan.blogspot.com vikas
- आरंभ राजनैतिक चेतना का अभाव : एसडीएम पर मंत्री की थप्पड की गूंज नानी पालकीवाला का कथन था कि भारत में एक व्यक्ति एक वोट का प्रजातन्त्र चुनना सबसे बड़ी भूल थी, जब जनता अपना सही नेता चुनने के योग्य ही न हो। ज्ञानदत्त पाण्डेय Gyandutt
- . बाबा नहीं, समाज पर कलंक है... धर्म की आड़ में देह व्यापार, वाकई समाज के लिए इस तरह के लोग कलंक हैं। भीमानंद जैसे लोगों ने ही धर्म की पवित्रता और विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा किया है। Jandunia
- कवि कोकास वे नहीं सूंघ सकतीं बेकरी की डबलरोटी यह दुनियाँ कितनी बड़ी है ! दुखों से भरी दुनियाँ...दर्द के महासागर..शुक्र है कि इस दर्द भरी दुनियाँ में संवेदना से भरे ह्रदय भी हैं और अभिव्यक्ति के बेचैन आत्मा
- VOICE OF YOUNG INDIA ------ युवा भारत की आवाज स्वच्छ दिल्ली ----- सुन्दर दिल्ली ---- मेरी दिल्ली --- LET'S DO IT!!! DELHI bwshak sarahneey pryas. shikha varshney

























